न जाने कैसे जी लेते हो इतना झूठ
पग पग पर तुम्हारा यह रूप देख मैं बौना हो जाता हूँ
तुम्हारे सामने क्या गजब की कला रखते
मंत्र मुग्ध कर देते तुम बडे पारखी हो जीवन कला के
कहां निराश करते तुम किसी को
आश्वासन तुम्हारा नया जीवन देता हैं चाहे बुनियाद कुछ भी हो
चाहे तुम वोट माँगने जाओ चाहे तुम व्यवसाय करो
कहीं नोकरी हो या घर मे बीबी की फरमाइश हो
भाई गजब हैं तुम्हारा झूठ अनुभव नमन हो
बाहर बाहर कितने सुंदर तुम ओर तुम्हारे विचार
कभी अंदर कुछ बोलता तुम्हें या भीतर का रावण पूरा घेरे हैं तुम्हें
कि कहीं गुंजाइश रही नही मानवीय कोमल भावों की
दाद देता हूँ विवश हूँ तुम्हारे इस रूप का प्रतिकार करने मे
मैं जानता अपनी औकात आज की सच्चाई की तरह
अगर मैं कहता हूँ सच्चाई तुम्हारी कौन सच्चाई मानता हैं
सच्चाई को प्रमाणित होना होता हैं तभी मान्य हैं
तुम्हारे झुंठ को क्या प्रमाण चाहिए किसकी हिम्मत हैं कि प्रमाण चाहे
अब अगर मैं कहता हूँ तो चोरी छिपे सामना तुम्हारा करना
मेरी हैशियत नहीं ।
छगन लाल गर्ग।
पग पग पर तुम्हारा यह रूप देख मैं बौना हो जाता हूँ
तुम्हारे सामने क्या गजब की कला रखते
मंत्र मुग्ध कर देते तुम बडे पारखी हो जीवन कला के
कहां निराश करते तुम किसी को
आश्वासन तुम्हारा नया जीवन देता हैं चाहे बुनियाद कुछ भी हो
चाहे तुम वोट माँगने जाओ चाहे तुम व्यवसाय करो
कहीं नोकरी हो या घर मे बीबी की फरमाइश हो
भाई गजब हैं तुम्हारा झूठ अनुभव नमन हो
बाहर बाहर कितने सुंदर तुम ओर तुम्हारे विचार
कभी अंदर कुछ बोलता तुम्हें या भीतर का रावण पूरा घेरे हैं तुम्हें
कि कहीं गुंजाइश रही नही मानवीय कोमल भावों की
दाद देता हूँ विवश हूँ तुम्हारे इस रूप का प्रतिकार करने मे
मैं जानता अपनी औकात आज की सच्चाई की तरह
अगर मैं कहता हूँ सच्चाई तुम्हारी कौन सच्चाई मानता हैं
सच्चाई को प्रमाणित होना होता हैं तभी मान्य हैं
तुम्हारे झुंठ को क्या प्रमाण चाहिए किसकी हिम्मत हैं कि प्रमाण चाहे
अब अगर मैं कहता हूँ तो चोरी छिपे सामना तुम्हारा करना
मेरी हैशियत नहीं ।
छगन लाल गर्ग।
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